आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "tahajjud ki munajat hafeez jalandhari ebooks"
शेर के संबंधित परिणाम "tahajjud ki munajat hafeez jalandhari ebooks"
शे'र
राह में जन्नत 'हफ़ीज़' आवाज़ देती ही रहीहम ने मुड़ कर भी न देखा कर्बला जाते हुए
हफ़ीज़ फ़र्रूख़ाबादी
शे'र
ख़ुदा-हाफ़िज़ है बहर-ए-इ’श्क़ में इस दिल की कश्ती काकि है चीन-ए-जबीन-ए-यार से मौज-ए-दिगर पैदा
शाह नसीर
शे'र
हाल-ए-दिल है कोई ख़्वाब-आवर फ़साना तो नहींनींद अभी से तुम को ऐ यारान-ए-महफ़िल आ गई
हफ़ीज़ होशियारपुरी
शे'र
कामिल शत्तारी
शे'र
तुम को कहते हैं कि आशिक़ की फ़ुग़ाँ सुनते होये तो कहने ही की बातें हैं कहाँ सुनते हो
मीर मोहम्मद बेदार
शे'र
सुकून-ए-क़ल्ब की उम्मीद अब क्या हो कि रहती हैतमन्ना की दो-चार इक हर घड़ी बर्क़-ए-बला मुझ से
हसरत मोहानी
शे'र
तू उसी की आँख का नूर है तू उसी के दिल का सुरूर हैकि जिसे बुलंद नज़र मिली कि जिसे शुऊ'र-ए-विला मिला
कामिल शत्तारी
शे'र
कि ख़िरद की फ़ित्नागरी वही लुटे होश छा गई बे-ख़ुदीवो निगाह-ए-मस्त जहाँ उठी मिरा जाम-ए-ज़िंदगी भर गया