आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "bazm e iqbal ebooks"
Kalaam के संबंधित परिणाम "bazm e iqbal ebooks"
कलाम
अव्वल-ए-शब वो बज़्म की रौनक़ शम्अ' भी थी परवाना भीरात के आख़िर होते होते ख़त्म था ये अफ़्साना भी
आरज़ू लखनवी
कलाम
ख़ुशी से दूर हूँ ना-आश्ना-ए-बज़्म-ए-’इशरत हूँसरापा दर्द हूँ वाबस्ता-ए-ज़ंजीर-क़िस्मत हूँ
शाह मोहसिन दानापुरी
कलाम
तरब आश्ना-ए-ख़रोश हो तू नवा है महरम-ए-गोश होवो सरोद क्या कि छुपा हुआ हो सुकूत-ए-पर्दा-ए-साज़ में
अल्लामा इक़बाल
कलाम
मैं तन्हा आब-ओ-रंग बज़्म-ए-इम्काँ हो नहीं सकताये दिल वापस अगर तू इस में मेहमाँ हो नहीं सकता