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Sufinama
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दर्द काकोरवी

1891 - 1972 | कराची, पाकिस्तान

हकीम हबीब अ’ली काकोरी के साहिब-ज़ादे

हकीम हबीब अ’ली काकोरी के साहिब-ज़ादे

दर्द काकोरवी के अशआर

‘दर्द’ के दिल को बना मख़्ज़न-ए-फ़व्वारा-ए-नूर

मेरी तारीकी-ए-क़िस्मत के उजाले साक़ी

अपना बे-ख़ुद मुझे लिल्लाह बना ले साक़ी

बुर्क़ा’ फिर चेहरा-ए-अनवर से हटा ले साक़ी

aaj ik aur baras biit gayā us ke baġhair

jis ke hote hue hote the zamāne mere

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